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Thursday, 14 October 2021

मगरलोड चैतन्य देवियों की झांकी बनी आकर्षण का केंद्र, देवी के पांच स्वरूप में नजर आईं ब्रह्मकुमारी बहनें


 


पत्रकार कैलाश टांडे छत्तीसगढ़


धमतरी मगरलोड आपने नवरात्र पर देवी पांडालों में माता के कई स्वरुपों को देखा होगा, लेकिन मगरलोड में एक स्थान है जहां चैतन्य रूप में देवियों का स्वरूप नजर आता है। यहां माता दुर्गा, माता कालका, माता सरस्वती, माता ज्ञानगंगा, माता लक्ष्मी के रूप साक्षात नजर आते है। जी हां, हम बात कर रहे है प्रजापिता ब्रह्मकुमारी ईश्वरी विश्व विद्यालय ओम शांति भवन वार्ड क्रमांंंक 4 जहां चैतन्य देवियों की अनूठी झांकी सजाई गई है। यहां ब्रह्मकुमारी बहनें ही देवियों का स्वरूप लेकर झांकी में बैठती है। इन झांकियों को देखने के लिए कई लोग भी यहां मगरलोड विकासखंड के कांग्रेस कमेटी ब्लॉक अध्यक्ष डीहूराम साहू पूर्व ब्लाक अध्यक्ष राजेश साहू वर्तमान जनपद पंचायत उपाध्यक्ष पूर्व ब्लाक अध्यक्ष चंदन बाफना   मगरलोड प्रभारी   डाकुवर साहू थाना प्रभारी प्रणाली वैद्य एवं समस्तत पदाधिकारी एक साथ मिलकर दीपक जलााकर देवी का प्रदर्शन किया देवियों को स्वरूप में नजर आई ब्रह्मकुमारी बहनें

यहां तैयार की गई इन झांकियों में ब्रह्मकुमारी बहनें 5 देवियों के स्वरूप में नजर आए। जिसमें माता दुर्गा, माता लक्ष्मी, माता कालका, माता सरस्वती और माता ज्ञानगंगा का स्वरूप नजर आया। जिसमें माता दुर्गा शेर पर सवार, तो माता लक्ष्मी कमल पर तो माता सरस्वती सफेद हंस पर तो माता कालका खड़े स्वरूप में वहीं माता ज्ञानगंगा, ज्ञान की गंगा बहाते हुए नजर आती हैं।  मेडिटेशन का हमारी बहनें अभ्यास करती है। उसी प्रतीकात्मक रूप में वे यहां एक ही पोज में मूर्ति के समान बैठी रहती है।

ब्रह्मकुमारी  ने बताया कि माता स्वरूप में बैठने वाली ब्रह्मकुमारी बहनें शाम 6.30 से रात 10 बजे तक एक ही मुद्रा   सिर्फ 5 मिनिट के लिए झांकी का पर्दा लगाया जाता है। इस दौरान भी ब्रह्मकुमारी बहनें अपने स्थान से ना ही उठती है ना ही स्थान से हटती है। सिर्फ अपने हाथों में लिए शस्त्र को ही कुछ देर के लिए रखती है। उन्होंने बताया कि मेडिटेशन से यह संभव हैं। यहां चैतन्य देवियों की झांकियां देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग आते है।

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