रायपुर शहर से 40 किलोमीटर दूर खरोरा-तिल्दा मार्ग पर 555 हेक्टेयर में विकसित की गई है सफारी
पूर्व
प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गांधी की जयंती के अवसर 19 नवंबर को
प्रदेशवासियों को ’इंदिरा प्रियदर्शिनी नेचर सफारी मोहरेंगा’ के रूप में एक
और पर्यटन स्थल की सौगात मिलेगी। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल अपने निवास
कार्यालय से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए नेचर सफारी का लोकार्पण करेंगे।
वन विभाग द्वारा राजधानी रायपुर से लगभग 40 किलोमीटर दूर खरोरा-तिल्दा
मार्ग पर स्थित मोहरेंगा वन क्षेत्र में 555.850 हेक्टेयर में यह उत्कृष्ट
नेचर सफारी विकसित की गई है।
वन मंत्री श्री मोहम्मद अकबर ने बताया कि ’इंदिरा प्रियदर्शिनी नेचर
सफारी मोहरेंगा’ के हरे-भरे वनों में साजा, खैर, तेंदू, सेमहा, चार, बेल,
धावड़ा, आंवला, बरगद, इमली, महुंआ, अर्जुन और बांस प्रजातियों के वृक्ष
विद्यमान हैं। इस क्षेत्र में वन्य प्राणियों के लिए चार तालाब निर्मित किए
गए हैं। साथ ही नेचर सफारी में चार मंजिला वॉच टावर, पैगोडा,
बायोडायवर्सिटी हॉल और भव्य प्रवेश द्वार के साथ पर्यटकों के लिए आवश्यक
सुविधाएं विकसित की गई हैं। सफारी के भ्रमण के लिए जिप्सी की व्यवस्था
विभाग द्वारा की गई है, जिसमें पर्यटक नेचर सफारी का आनंद ले सकेंगे। नेचर
सफारी के जंगल में पर्यटक प्राकृतिक परिवेश में 30 से 40 प्रजातियों के
पक्षियों सहित चीतल, जंगली सुअर, खरगोश, सियार, लोमड़ी, बन्दर, नेवला, अजगर
आदि वन्यप्राणियों, को देख सकेंगे। इस सफारी में औषधीय पौधे भी लगाए गए
हैं।
