कोरोना वायरस संक्रमण से बचाव के लिए ग्रामीण इलाकों में जनप्रतिनिधियों एवं पंचायत सचिव अपना कर्तव्य निभा रहे हैं
पदीय दायित्वों एवं कर्तव्यों के प्रति घोर लापरवाही बरतने वाले सचिव को मिला कारण बताओ नोटिस
पत्रकार कैलाश टाडे
कोरोना वायरस की संक्रमण से बचाव के लिए जहां बड़ी संख्या में स्वयंसेवी संस्थाएं जनप्रतिनिधि इत्यादि का सहयोग मिल रहा है वहीं जिला प्रशासन का अमला भी सहयोग के लिए लगा हुआ है। इसके साथ ही जिले की सभी पंचायतों में सरपंच, पंच, सचिव, रोजगार सहायक सहित आम नागरिक भी अपनी अहम भूमिका निभा रहे हैं। इस दौरान ग्रामीण इलाकों में सरपंच, सचिवों द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजनांतर्गत कार्य संचालित किये जा रहे हैं। कार्य के दौरान मजदूरों को कोरोना वायरस से बचाव के लिए आवश्यक जानकारियां भी प्रदाय की जा रही है। साथ ही उन्हें हाथ धुलाई, फेस मास्क लगाने एवं सोशल डिस्टेंसिंग, श्वसन शिष्टाचार, सार्वजनिक कार्यक्रमों में भाग नहीं लेने, बाहरी व्यक्तियों को गांव में प्रवेश नहीं करने संबंधित संवेदनशील जानकारी प्रदाय की जा रही है। जिले में कई ऐसे पंचायत सचिव हैं ने अपने पदीय दायित्वों को समझते हुए पंचायत कार्यालय में उपस्थित होकर कोरोना जैसे वैश्विक महामारी के रोकथाम व शासन द्वारा प्रदाय की जाने वाली वृद्धावस्था पेंशन, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, विधवा पेंशन, निराश्रित पेंशन तथा राशन कार्डधारी परिवार को अप्रैल से मई माह (दो माह) के खाद्यान सामग्री का वितरण कर ग्रामीणों का मनोबल बढ़ाया है। बेघर एवं बेसहारा परिवार का चिन्हांकन कर कोई व्यक्ति भूखा न रहे इस बात का ध्यान रखते हुए आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए पंचायतों में 02 क्विंटल चांवल रखी जाती है। उनमें से आवश्यकतानुसार चांवल एवं सब्जी-भाजी प्रदाय किया गया जिसकी सराहना सर्वत्र की जा रही है।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती नम्रता गांधी ने श्रीमती डिगेश्वरी निषाद सचिव ग्राम पंचायत श्यामतराई (धमतरी), सुश्री श्वेता गुप्ता सचिव ग्राम पंचायत रत्नाबांधा (धमतरी), श्रीमती हिमेश्वरी साहू ग्राम पंचायत बगदेही (कुरूद), श्री ज्ञानेन्द्र चन्द्राकर सचिव ग्राम पंचायत दरबा (कुरूद), श्री नोहर नेताम सचिव ग्राम पंचायत चन्द्रसुर (मगरलोड) ने कोरोना जैसे संक्रमण काल के दौरान अपने पदीय दायित्वों एवं कर्तव्यों के प्रति घोर लापरवाही व अनुशासनहीनता को प्रदर्शित किया है। जिसके तहत नियमानुसार एकपक्षीय अनुशासनात्मक कार्यवाही करने कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।